
सिविल लाइन्स और चंगेरा में 13 करोड़ की लागत से 2 नए विद्युत सबस्टेशन मंजूर; शहरी व ग्रामीण क्षेत्र बिजली समस्या से होंगे मुक्त
गोंदिया : पिछले अनेक वर्षों से बिजली की समस्या से जूझ रही गोंदिया विधानसभा अब विद्युतीकरण के क्षेत्र में हाईटेक होती नजर आ रही है। मंजूर होते नए-नए विद्युत सबस्टेशन, पुराने सबस्टेशनों में लोड बढ़ोतरी और विद्युत केबलिंग में व्यापक बदलाव से क्षेत्र में ‘बिजली क्रांति’ की नई चमक देखी जा रही है। यह पूरा बदलाव विधायक विनोद अग्रवाल की परिकल्पना और निरंतर प्रयासों से संभव हो पाया है।
हाल ही में गोंदिया शहर के मध्य भाग स्थित सिविल लाइन्स (हनुमान मंदिर के पास) में 8 करोड़ रुपये की लागत से नया 33/11 केवी विद्युत सबस्टेशन तथा ग्रामीण क्षेत्र के अंतिम छोर पर स्थित चंगेरा में 5 करोड़ रुपये की लागत से 33 केवी का नया सबस्टेशन मंजूर हुआ है। कुल 13 करोड़ रुपये की इन परियोजनाओं से शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों की जनता को बिजली की आंख-मिचौली से बड़ी राहत मिलेगी।
चंगेरा में नया उपकेंद्र मंजूर होने से आसपास के झिलमिली, रावणवाड़ी और काटी सबस्टेशनों पर आने वाला अतिरिक्त भार कम होगा, जिससे बिजली आपूर्ति सुचारू हो सकेगी। इसके अलावा चंगेरा उपकेंद्र से कोरणी, सतोना, जिरुटोला, बनाथर, कोचेवाही, बड़ेगांव और छोटा राजेगांव सहित 5 किमी दायरे के अनेक गांवों को लो-वोल्टेज और बिजली कटौती से मुक्ति मिलेगी।
विधायक विनोद अग्रवाल के प्रयासों से सिविल लाइन्स, चंगेरा, बटाना, फुलचुर और भीमघाट में नए सबस्टेशन मंजूर कराने के साथ-साथ कटंगटोला, रापेवाड़ा, रावणवाड़ी, झिलमिली और हिवरा उपकेंद्रों की लोड क्षमता को दोगुना किया जा चुका है, जबकि काटी और दासगांव में क्षमता बढ़ाने का काम प्रगति पर है।
“आने वाले समय में गोंदिया विधानसभा क्षेत्र के लिए आने वाली विद्युत मेन लाइन को भी डबल करने का प्रयास तेज है। वर्तमान में मुंडीपार सबस्टेशन से पूरे शहर और ग्रामीण क्षेत्र को बिजली मिलती है। अब गोंदिया के आसपास नया 33 केवी मेन लाइन सबस्टेशन तैयार किया जाएगा, जिससे बिजली की समस्या का स्थायी समाधान होगा।”
— विनोद अग्रवाल (विधायक, गोंदिया)



