
गोंदिया : भारतीय जनता पार्टी से महायुति के प्रत्याशी विनोद अग्रवाल ने अपने प्रचार दौरे के दौरान कासा, मरारटोला और पुजारीटोला में जनसभा को संबोधित किया।
विधायक व महायुति प्रत्याशी ने कहा, गोंदिया क्षेत्र के नदी किनारे के ये गाँव महाराष्ट्र की सीमा के पहले गाँव है। इन गाँव से मेरा विधायक बनने के पूर्व से नाता बना हुआ है। हमनें इन गाँव के लिए जितना हो सकें भरसक प्रयास किया है। चाहे सड़के हो, कृषि क्षेत्र हो, या बुनियादी सुविधाएं हर स्तर पर कटिबद्धता से कार्य किया है।
बाढ़ के हालातों से निपटने गाँव को अन्य मार्ग से जोड़ने का प्रयास किया। हम पुजारीटोला कासा से काटी के बीच हाइवे स्तर की चौड़ी सड़क का निर्माण करने जा रहे जिससे सिर्फ 3-4 मिनट में हम काटी गाँव होते हुए गोंदिया निकल सकते है। इतना ही नही, हमारा नदी के उसपार मध्यप्रदेश से रोटी बेटी का रिश्ता जुड़ा हुआ है। मेरे प्रयास है कि अगर राज्य में हमारी महायुति की सरकार आयी तो हम कासा-बेनी के बीच पुल का निर्माण करेंगे और रिश्तों में नजदीकियां लाने का प्रयास करेंगे।
जनता के आमदार ने कहा, मैंने अनेक स्तर पर इन गाँव के नागरिकों को, किसानों को, महिलाओ को, लाभ दिलाने का प्रयास किया। बाढ़ नुकसानी हो या कड़पे, पुंजने, सड़े गले, रबी, खरीफ आदि की नुकसानी हमनें हर सकंट पर सर्वे कराकर शासन से नुकसान भरपाई दिलाने का प्रयास किया। ये सिर्फ पांच साल में हुआ है। जबकि 27 साल राज करने वालो ने सिर्फ खुद की भरपाई की है।
विनोद अग्रवाल ने पूछा, क्या आप मेरे जनहितकारी कार्यो से संतुष्ट हो..? जनता ने एक स्वर में जवाब दिया हाँ.. तो विनोद अग्रवाल ने कहा, 20 नवंबर को हमें कमल खिलाकर इस क्षेत्र से इतिहास बनाना है।
प्रचार सभाओं में महायुति प्रत्याशी के साथ पंस सभापति मुनेश रहांगडाले, छत्रपाल तुरकर, धनंजय तुरकर, इंदलसिंह राठौर, अशोक तिवारी, राकांपा के युवा जिलाध्यक्ष केतन तुरकर, सुरपत खैरवार, जिप सदस्य नंदा वाढीवा, पंस सदस्य राजेश जमरे, पंस सदस्य जितेश्वरी रहांगडाले, पंस सदस्य शशिकला कटरे, सरपंच कौशल तुरकर, सरपंच संदीप तुरकर, सरपंच रानू तुरकर, जीतलाल पाचे, अनिल मते, भरतजी जमरे, छविलाल मात्रे, धनराज जमरे, लक्ष्मीनारायण चौधरी, ज्ञानचंद जमईवार, शिवलाल जमरे, चमरु माने, तिजु माने, कोठू खैरवार, शिवप्रसाद पाचे, प्रल्हाद ऊइके, कुँवरसिंह ऊइके, लखन माने, रेखलाल खैरवार, कबीर दंदरे, लालचंद माने आदि सहित अनेक ग्रामो के नागरिक, महिलाओं व पदाधिकारीयों की उपस्थिति रही।



